Chhattisgarh Baloda Bazar News: बलौदा बाजार। दो नाबालिग सगी बहनों को शादी का प्रलोभन देकर भगाकर ले जाने और उनके साथ दुष्कर्म करने के मामले में अदालत ने आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अपर सत्र न्यायाधीश सतीश कुमार जायसवाल ने मामले में उपलब्ध साक्ष्यों का परिशीलन करने के बाद आरोपी सनत साहू को दोनों प्रकरणों में दोषी मानते हुए आजीवन कारावास और अर्थदंड से दंडित किया। अदालत ने सभी सजाएं साथ-साथ भुगतने का आदेश दिया है।
विशेष लोक अभियोजक संजय बाजपेयी के अनुसार, मामला थाना सिमगा क्षेत्र का है। पीड़िता के पिता की रिपोर्ट पर पुलिस ने गुम इंसान का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। विवेचना के दौरान पीड़िता को नागपुर से बरामद किया गया। पूछताछ में पीड़िता ने पुलिस को बताया कि आरोपी सनत साहू उसे शादी का प्रलोभन देकर नागपुर ले गया था, जहां उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए गए। पीड़िता के अनुसार, इससे वह गर्भवती हुई और उसने एक बच्ची को जन्म दिया। इसके बाद आरोपी ने उसे छोड़ दिया और वर्ष 2024 में उसकी छोटी बहन को भी कथित तौर पर बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया।
मामले में तत्कालीन थाना प्रभारी डीएसपी योगिता खापर्डे, सहायक उपनिरीक्षक एसके कुरैशी और तत्कालीन एसडीओपी ऐश्वर्य चंद्राकर के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित की गई थी। टीम ने आरोपी की गिरफ्तारी के साथ दोनों नाबालिग बहनों को नागपुर से बरामद कर उनके परिजनों को सौंपा। पुलिस ने दोनों पीड़िताओं के स्कूल के दाखिल-खारिज रजिस्टर सहित अन्य दस्तावेज जब्त किए और गवाहों के बयान दर्ज किए।
विवेचना पूरी होने के बाद पुलिस ने दोनों मामलों में आरोपी के खिलाफ न्यायालय में चालान पेश किया। सुनवाई के दौरान प्रस्तुत साक्ष्यों और मामले की गंभीरता का परीक्षण करने के बाद अदालत ने आरोपी द्वारा अपराध किया जाना सिद्ध पाया। इसके बाद दोनों प्रकरणों में आरोपी को आजीवन कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई गई।
