रायपुर: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज सुबह 10:45 बजे भाजपा प्रदेश कार्यालय ‘कुशाभाऊ ठाकरे परिसर’ पहुंचने वाले हैं। यहां भाजपा की एक बेहद महत्वपूर्ण और हाई-प्रोफाइल प्रदेश स्तरीय बैठक बुलाई गई है। इस बैठक में संगठन से लेकर सरकार के कामकाज और भावी रणनीतियों पर बड़ा मंथन होना है।
माना जा रहा है कि इस बैठक में आगामी संगठनात्मक गतिविधियों और राज्य के मौजूदा समसामयिक (करेंट) मुद्दों पर बेहद गंभीर चर्चा होगी।
बंद कमरे में बनेगी रणनीति, इन मुख्य एजेंडों पर रहेगा फोकस:
बैठक को लेकर कयासों का बाजार गर्म है। सूत्रों के मुताबिक, बंद कमरे में होने वाली इस रणनीतिक बैठक में मुख्य रूप से निम्नलिखित तीन बिंदुओं पर फोकस रहेगा:
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संगठन का विस्तार और मजबूती: मैदानी स्तर पर ऊर्जा फूंकने के लिए कार्यकर्ताओं को नई जिम्मेदारियां सौंपी जा सकती हैं। साथ ही, आगामी चुनावों और पार्टी की पकड़ मजबूत करने के लिए बूथ स्तर को डिजिटल और जमीनी तौर पर री-स्ट्रक्चर करने पर बात होगी।
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विपक्ष की घेराबंदी: राज्य में चल रहे हालिया राजनीतिक घटनाक्रमों और सरकार पर विपक्ष (कांग्रेस) के हमलों का आक्रामक तरीके से जवाब देने के लिए एक ठोस काउंटर-रणनीति तैयार की जाएगी।
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सरकारी योजनाओं का रिव्यू: साय सरकार की प्रमुख और जनहितैषी योजनाओं को जनता तक और अधिक तेजी से कैसे पहुंचाया जाए, इस पर मंत्रियों और संगठन के पदाधिकारियों के बीच बेहतर तालमेल (कोऑर्डिनेशन) बिठाने को लेकर रोडमैप तैयार होगा।
क्यों खास है यह बैठक? राजनीतिक विश्लेषकों की मानें तो सरकार और संगठन के बीच का यह समन्वय (Coordination) आने वाले दिनों में छत्तीसगढ़ की राजनीति की दिशा तय करेगा। सरकार के कामकाज को जनता के बीच भुनाने और विपक्ष के हर वार का पलटवार करने के लिए यह ‘महामंथन’ बेहद अहम माना जा रहा है।
